सोशल मीडिया पर इन दिनों एक चौंकाने वाला दावा तेजी से वायरल हो रहा है। दावा किया जा रहा है कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस टूल ChatGpt ने समय रहते चेतावनी देकर 9 महीने की गर्भवती महिला की जान बचा ली। यह मामला सामने आने के बाद AI और हेल्थ को लेकर एक नई बहस छिड़ गई है।
हालांकि यह घटना अभी आधिकारिक रूप से पुष्टि-शुदा नहीं है, लेकिन जिस तरह से यह कहानी सामने आई है, उसने लोगों का ध्यान जरूर खींचा है।
ChatGpt से बातचीत के दौरान शुरू हुआ पूरा मामला
वायरल दावे के मुताबिक, अमेरिका की एक महिला ChatGpt से बातचीत कर रही थी। बातचीत के दौरान महिला ने साफ तौर पर बताया कि वह 9 महीने की प्रेग्नेंट है और उसे पेट में दर्द महसूस हो रहा है।
महिला की बात सुनने के बाद ChatGpt ने उससे तुरंत सवाल किया कि पेट के किस हिस्से में दर्द हो रहा है और दर्द किस तरह का है। इसके बाद महिला ने ChatGpt को विस्तार से बताया कि उसे पेट के एक खास हिस्से में असामान्य और तेज दर्द हो रहा है, साथ ही कुछ और लक्षण भी महसूस हो रहे हैं।
ChatGpt ने बिना देर किए दी वार्निंग
महिला द्वारा बताए गए लक्षणों के आधार पर ChatGpt ने बिना देर किए उसे चेतावनी दी। ChatGpt ने साफ शब्दों में कहा कि यह स्थिति गंभीर हो सकती है और महिला को तुरंत एंबुलेंस बुलाकर अपने डॉक्टर को दिखाना चाहिए।
वायरल पोस्ट्स के अनुसार, ChatGpt ने यह भी कहा कि प्रेग्नेंसी के आखिरी महीने में इस तरह के दर्द को नजरअंदाज करना खतरनाक हो सकता है।
पहली चेतावनी को महिला ने किया इग्नोर
शुरुआत में महिला ने ChatGpt की इस सलाह को गंभीरता से नहीं लिया। उसने सोचा कि शायद दर्द सामान्य हो और कुछ देर में ठीक हो जाएगा। इसी वजह से महिला ने एंबुलेंस बुलाने में देरी कर दी।
लेकिन कुछ समय बाद जब दर्द कम होने के बजाय और बढ़ने लगा, तो महिला ने फिर से ChatGpt से बातचीत की।
दूसरी बार ChatGpt ने दी सख्त चेतावनी
दूसरी बार ChatGpt ने और ज्यादा सख्त शब्दों में महिला को चेतावनी दी। ChatGpt ने कहा कि यह मामला गंभीर हो सकता है और बिना समय गंवाए एंबुलेंस बुलाकर अस्पताल पहुंचना जरूरी है।
वायरल दावे के मुताबिक, ChatGpt ने दो टूक कहा कि देर करना महिला और उसके बच्चे दोनों के लिए खतरनाक साबित हो सकता है।
एंबुलेंस बुलाई, अस्पताल पहुंची महिला
ChatGpt की दूसरी चेतावनी के बाद महिला ने स्थिति की गंभीरता को समझा और तुरंत एंबुलेंस बुलाकर अस्पताल पहुंची। वहां डॉक्टरों ने महिला की जांच की और हालत को गंभीर बताया।
डॉक्टरों ने कथित तौर पर कहा कि महिला सही समय पर अस्पताल पहुंच गई। अगर कुछ देर और हो जाती, तो उसकी जान को भी खतरा हो सकता था। डॉक्टरों के अनुसार, यह मामला गंभीर था और समय पर इलाज मिलना बेहद जरूरी था।
ChatGpt Saved Pregnant Woman Life? सोशल मीडिया पर बहस
इस घटना के सामने आने के बाद सोशल मीडिया पर लोग यह सवाल उठा रहे हैं कि क्या वाकई ChatGpt ने एक महिला की जान बचाई। कुछ लोग इसे AI की बड़ी कामयाबी बता रहे हैं, तो वहीं कई लोग इसे सही समय पर मिली चेतावनी और महिला के फैसले का नतीजा मान रहे हैं।
हेल्थ एक्सपर्ट्स का कहना है कि ChatGpt डॉक्टर का विकल्प नहीं है, लेकिन अगर AI किसी को समय रहते मेडिकल हेल्प लेने की सलाह देता है, तो यह मददगार साबित हो सकता है।
प्रेग्नेंसी में दर्द को हल्के में न लें
डॉक्टरों का साफ कहना है कि गर्भावस्था के आखिरी महीनों में पेट में तेज दर्द, असामान्य हलचल, ब्लीडिंग या बेचैनी को बिल्कुल नजरअंदाज नहीं करना चाहिए। ऐसी स्थिति में तुरंत डॉक्टर या अस्पताल से संपर्क करना ही सबसे सुरक्षित कदम होता है।
AI या इंटरनेट से मिली जानकारी सिर्फ चेतावनी या मार्गदर्शन हो सकती है, इलाज का फैसला हमेशा डॉक्टर ही करते हैं।
वायरल दावा और AI की भूमिका
फिलहाल यह मामला सोशल मीडिया पर वायरल दावा ही है, लेकिन यह जरूर दिखाता है कि समय पर मिली चेतावनी कितनी अहम हो सकती है। ChatGpt से जुड़ा यह दावा भले ही पुष्टि के दायरे में न हो, लेकिन यह संदेश जरूर देता है कि हेल्थ से जुड़े मामलों में देरी जानलेवा साबित हो सकती है।
डिस्क्लेमर:
यह खबर सोशल मीडिया पर वायरल दावों पर आधारित है। Fact Finding टीम इस घटना की स्वतंत्र पुष्टि नहीं करती। किसी भी स्वास्थ्य समस्या में डॉक्टर की सलाह ही अंतिम मानी जाए।
















